गुजरात की धरती पर एक ऐसा सपना आकार ले रहा है, जो भारत को वैश्विक फाइनेंस और टेक्नोलॉजी के नक्शे पर एक नई पहचान दे रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट गुजरात इंटरनेशनल फाइनेंस टेक-सिटी (GIFT City) ने दुनिया की टॉप फाइनेंशियल हब्स की रैंकिंग में जबरदस्त छलांग लगाई है।
GIFT सिटी: क्यों है यह खास? GIFT सिटी न केवल भारत की पहली स्मार्ट फाइनेंशियल सिटी है, बल्कि यह आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, टैक्स बेनेफिट्स और इंटरनेशनल बिज़नेस हब के रूप में भी तेजी से उभर रही है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसकी रैंकिंग में सुधार यह साबित करता है कि भारत अब ग्लोबल फाइनेंस मार्केट में अपनी मजबूत पकड़ बना रहा है।
छह पायदान की छलांग, एक बड़ी उपलब्धि हाल ही में जारी फाइनेंशियल सेंटर इंडेक्स (GFCI) में GIFT सिटी ने छह स्थानों की जबरदस्त छलांग लगाई है। यह न केवल भारत के लिए गर्व की बात है, बल्कि निवेशकों और इंटरनेशनल फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस के लिए भी संकेत है कि भविष्य में GIFT सिटी एक प्रमुख ग्लोबल फाइनेंस हब बनने की राह पर है।
प्रधानमंत्री मोदी का विजन
जब नरेंद्र मोदी गुजरात के मुख्यमंत्री थे, तब उन्होंने इस सिटी की कल्पना की थी। उनका लक्ष्य था कि भारत में एक ऐसा शहर बने जो सिंगापुर और दुबई जैसे ग्लोबल फाइनेंशियल हब्स को टक्कर दे सके। आज GIFT सिटी का विकास उसी दिशा में बढ़ रहा है।
क्या है GIFT सिटी की खासियत?
स्पेशल इकनॉमिक ज़ोन (SEZ) – टैक्स में छूट और इंटरनेशनल बिज़नेस के लिए अनुकूल माहौल।
स्मार्ट इंफ्रास्ट्रक्चर – मॉडर्न टेक्नोलॉजी, हाई-स्पीड इंटरनेट, और हरित ऊर्जा समाधान।
ग्लोबल कंपनियों का आकर्षण – कई बड़ी विदेशी और भारतीय फाइनेंशियल फर्म्स ने यहाँ अपने ऑफिस खोलने शुरू कर दिए हैं।
फ्यूचर हब भविष्य में यह क्रिप्टो, ब्लॉकचेन, और फिनटेक के लिए भी महत्वपूर्ण केंद्र बन सकता है।
GIFT सिटी: भारत के आर्थिक भविष्य की कुंजी?
GIFT सिटी की यह प्रगति संकेत देती है कि भारत अब केवल एक उभरती अर्थव्यवस्था नहीं, बल्कि एक ग्लोबल लीडर बनने की दिशा में बढ़ रहा है। यहाँ निवेश बढ़ने से युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे और भारत का वित्तीय सिस्टम और मजबूत होगा
क्या आने वाले सालों में GIFT सिटी वाकई दुबई और सिंगापुर को चुनौती दे पाएगी? अगर इसका विकास इसी रफ्तार से जारी रहा, तो वह दिन दूर नहीं जब भारत का यह फाइनेंशियल ड्रीम प्रोजेक्ट दुनिया में अपनी एक अलग पहचान बना लेगा।

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